Tuesday, November 12, 2019

मात्रिक वर्ण क्या होते हैं।

बाबा आया बादल आया सावन आया बादल छाया रामा छाता लेकर बाजार जा रहा था यह सब मात्रिक वर्ण में आते हैं। 

थाल सजाकर ना पक्का विमल दिन निकल आया खटिया उठा गिलास वर्जन पीला बाजार जा मिठाईलाल फालना टिकट लगा दीपावली का दिन आया।
सीमा घर की सफाई कर रही है सीमा की दादी आई कि वह मिठाई लाई सीमा की चाची भी आई वह भी मिठाई लाई सीमा वह मिठाई खाती सीमा का भाई हरीश बाजार गया वहां नहीं कमीज पहनकर बाजार गया हुए बाजार से लीची लाया सीमा ने मीठी-मीठी लीची खाई और रात को सो गई।

सुबह हुई सुनहरी किरण की सुमन दातुन कर सुमन नियम अनुसार काम करना।

 सीख गुलाब चुन चुन कर माला बना सुमन बाजार से सामान खरीद कर. ला दुकान पर जा साबुन से मलमल का नाश राहुल के साथ पाठशाला जा अपना पाठ याद कर सूरज निकला धूप खिल गई चिड़िया चेकुट्टी कुसुम फूल ला कर पूजा कर फूलदान में सजा भालू वाला आया साथ भालू लाया भालू झूम झूम कर खूब नाचे सभी ने भालू का खेल देखा सामान दिखा भालू वाला सामने पाकर बहुत खुश हुआ, वह डमरू बजाता हुआ बहुत दूर चला गया।

गणे वन में ऋषि की एक कुटिया थी ऋषि ने एक मूर्ख पाल रखी थी।

एक राजकुमार मुर्गी का शिकार करते हुए ऋषि की कुटिया में आगे ऋषि ने राजकुमार को समझे जीव का शिकार करना पाप है अमृत पर कृपा करो राजकुमार के मन में मृत के लिए दया आई वह कृपालु बन गया।
चुप चुप करती रेल आई साथ में बहुत सारी सवारी लाई गणेश रेल से बरेली गया मामा रेल से घर आया मामा केले लेकर घर आया रेखा के लिए किताब लेकर आया गणेश मामा की सेवा कर दुकान से जलेबी व पेड़े खरीद कर ला रहा था मामा यह सब मात्रिक वर्ण में आते हैं।

No comments:

Post a Comment